सूर्य नमस्कार कैसे करें? जानिए सूर्य नमस्कार के 12 चरण और जबरदस्त फायदे

Updated: May 07, 2026

सूर्य नमस्कार कैसे करें? जानिए सूर्य नमस्कार के 12 चरण और जबरदस्त फायदे

योग का उपयोग हम सभी अपने जीवन में दैनिक दिनचर्या में करते है। और सूर्य नमस्कार को योग का सबसे प्रभावशाली अभ्यास माना जाता है। सूर्य नमस्कार केवल एक व्यायाम नहीं बल्कि शरीर, मन और आत्मा को स्वस्थ रखने का सम्पूर्ण अभ्यास है। इसमें 12 योगासन शामिल होते हैं, जिन्हें सही तरीके से करने पर शरीर में ऊर्जा, लचीलापन और सकारात्मकता आती है।

सुबह सूर्योदय के समय पूर्व दिशा की ओर मुख करके सूर्य नमस्कार करने से शरीर को ताजगी मिलती है और विटामिन D का लाभ भी प्राप्त होता है। नियमित सूर्य नमस्कार करने से वजन नियंत्रित रहता है, पाचन तंत्र मजबूत होता है और शरीर दिनभर सक्रिय बना रहता है।

आज इस लेख में हम जानेंगे:

  • सूर्य नमस्कार क्या है
  • सूर्य नमस्कार कैसे करें
  • 12 चरण कौन-कौन से हैं
  • सूर्य नमस्कार के फायदे
  • किन लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए

सूर्य नमस्कार क्या है?

सूर्य नमस्कार 12 योग मुद्राओं का एक क्रम है जिसे सांसों के साथ किया जाता है। यह पूरे शरीर का व्यायाम माना जाता है क्योंकि इसमें शरीर के लगभग सभी अंग सक्रिय होते हैं।

यह योगासन:

  • शरीर को लचीला बनाता है
  • मानसिक तनाव कम करता है
  • शरीर में रक्त संचार बढ़ाता है
  • शरीर को ऊर्जा से भर देता है

सूर्य नमस्कार करने के फायदे

1. वजन कम करने में सहायक

सूर्य नमस्कार तेजी से कैलोरी बर्न करता है जिससे वजन कम करने में मदद मिलती है। नियमित अभ्यास पेट की चर्बी घटाने में भी फायदेमंद होता है।

2. मांसपेशियों और जोड़ों को मजबूत बनाता है

इसमें पूरे शरीर की स्ट्रेचिंग होती है जिससे मांसपेशियां मजबूत और शरीर लचीला बनता है।

3. त्वचा में निखार लाता है

रक्त संचार बेहतर होने से त्वचा में प्राकृतिक चमक आती है और चेहरा स्वस्थ दिखता है।

4. पाचन तंत्र मजबूत करता है

सूर्य नमस्कार पेट और आंतों को सक्रिय करता है जिससे पाचन बेहतर होता है।

5. अनिद्रा और तनाव कम करता है

योग और गहरी सांसों का संयोजन मानसिक तनाव कम करने में मदद करता है और नींद अच्छी आती है।

6. महिलाओं के लिए लाभकारी

नियमित अभ्यास मासिक धर्म को संतुलित रखने और हार्मोनल समस्याओं को कम करने में मदद करता है।

7. रीढ़ की हड्डी को स्वस्थ रखता है

इसमें रीढ़ की हड्डी की अच्छी स्ट्रेचिंग होती है जिससे कमर दर्द और जकड़न कम होती है।

सूर्य नमस्कार कैसे करें? (12 चरण)

1. प्रणाम आसन

मैट पर सीधे खड़े हो जाएं। दोनों हाथ जोड़कर नमस्कार मुद्रा बनाएं और गहरी सांस लें।

2. हस्त उत्तानासन

सांस लेते हुए हाथों को ऊपर उठाएं और शरीर को पीछे की ओर हल्का झुकाएं।

3. हस्तपाद आसन

सांस छोड़ते हुए आगे झुकें और हाथों को पैरों के पास जमीन पर रखें।

4. अश्व संचालन आसन

सांस लेते हुए दाहिना पैर पीछे ले जाएं और सामने देखें।

5. दंडासन

दूसरा पैर भी पीछे ले जाएं और शरीर को सीधी रेखा में रखें।

6. अष्टांग नमस्कार

घुटने, छाती और ठुड्डी जमीन से लगाएं और सांस छोड़ें।

7. भुजंग आसन

शरीर को आगे सरकाकर छाती ऊपर उठाएं और ऊपर देखें।

8. पर्वत आसन

सांस छोड़ते हुए शरीर को उल्टे V आकार में ले जाएं।

9. अश्व संचालन आसन

दाहिना पैर आगे लाएं और ऊपर देखें।

10. हस्तपाद आसन

दूसरा पैर आगे लाकर फिर से आगे झुकें।

11. हस्त उत्तानासन

धीरे-धीरे ऊपर उठें और हाथों को पीछे की ओर ले जाएं।

12. ताड़ासन

सीधे खड़े होकर शरीर को सामान्य अवस्था में लाएं और आराम करें।

 

 

सूर्य नमस्कार करने का सही समय

सूर्य नमस्कार सुबह खाली पेट करना सबसे अच्छा माना जाता है।
सुबह सूर्योदय के समय इसका प्रभाव सबसे अधिक होता है।

  • शुरुआत में 5 चक्र करें
  • धीरे-धीरे 12 चक्र तक बढ़ाएं

सूर्य नमस्कार करते समय सावधानियां

  • खाली पेट करें
  • बहुत तेजी से न करें
  • सांसों पर ध्यान दें
  • कमर दर्द या गंभीर बीमारी होने पर डॉक्टर की सलाह लें
  • गर्भवती महिलाएं विशेषज्ञ की सलाह से करें

सूर्य नमस्कार के साथ क्या खाएं?

योग के बाद हल्का और पौष्टिक भोजन लेना चाहिए:

  • फल
  • नारियल पानी
  • सूखे मेवे
  • प्रोटीन युक्त भोजन

सूर्य नमस्कार शरीर और मन दोनों के लिए बेहद लाभकारी योग है। इसे नियमित करने से शरीर स्वस्थ, ऊर्जावान और लचीला बनता है। अगर आप रोजाना केवल 10–15 मिनट भी सूर्य नमस्कार करते हैं, तो कुछ ही दिनों में सकारात्मक बदलाव महसूस कर सकते हैं।

स्वस्थ जीवनशैली और सही खान-पान के साथ सूर्य नमस्कार को अपनी दिनचर्या में जरूर शामिल करें।

 

यह जानकारी केवल सामान्य और शैक्षिक उद्देश्य के लिए दी गई है। किसी भी योग अभ्यास को शुरू करने से पहले विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें, विशेषकर यदि आपको कोई स्वास्थ्य संबंधी समस्या हो।

Frequently Asked Questions

सूर्य नमस्कार क्या है हिंदी?
सूर्य नमस्कार का मतलब है सूर्य को नमन करना यानि सन सेल्यूटेशन (Sun Salutation)। अगर आप योग की शुरुआत कर रही हैं तो इसके लिए 'सूर्य नमस्कार' का अभ्यास सबसे बेहतर है।
सूर्य नमस्कार कितनी बार करना चाहिए?
शुरुआत में 5 बार और धीरे-धीरे 12 बार तक कर सकते हैं।
सूर्य नमस्कार में कितने स्टेप होते हैं?
10 अंगों की मदद से किए जाने वाले सूर्य नमस्कार में कुल 12 तरह के आसन होते हैं। इन आसनों से शरीर का संपूर्ण व्यायाम हो जाता है। योग संपूर्ण स्वास्थ्य पैकेज की तरह होता है।
क्या महिलाएं सूर्य नमस्कार कर सकती हैं?
हां, लेकिन गर्भावस्था या विशेष स्थिति में विशेषज्ञ की सलाह जरूरी है।
कुल योग कितने होते हैं?
योग 27 प्रकार के होते हैं।